एकार्थक शब्द – Ekarthak Shabd

एकार्थक शब्द किसे कहते हैं? – Ekarthak Shabd ki Paribhasha

हिंदी व्याकरण में मौजूद जो शब्द देखने और सुनने में एक से लगते है लेकिन वो समानार्थी नहीं होते हैं, तो वह एकार्थक शब्द कहलाते हैं। सामान्यता, एकार्थक शब्दों के विभिन्न अर्थों से उनके बीच का अंतर ज्ञात होता है। जिसके आधार पर ही एकार्थक शब्दों की पहचान की जाती है। इस प्रकार, समान अर्थ जैसे प्रतीत होने वाले शब्द एकार्थक शब्द कहलाते हैं।


Ekarthak Shabd ke Udaharan

अ और आ वाले शब्द

अगम – जहां ना पहुंचा जा सके
अलौकिक – लोक या दुनिया में ना जा पाए
अस्वाभाविक – प्राकृतिक नियमों के विरुद्ध
असाधारण – विशेष, अधिकता का ना होना
अनुज – छोटा भाई
अग्रज – बड़ा भाई
अनुभव – अभ्यास से प्राप्त करना
अनुभूति – चिन्तन से प्राप्त ज्ञान
अनुरूप – समानता का बोध होना
अनुकूल – पक्ष में होना
अस्त्र – फेंककर चलाए जाने वाले हथियार
अहंकार – मन में गर्व का होना
अनुरोध – किसी प्रकार की विनती करना
अभिनन्दन – किसी श्रेष्ठ का सम्मान करना
अनुराग – किसी विषय पर एकाग्र चित्त होकर ध्यान केंद्रित करना
अर्चना – भगवान की धूप, दीपक और बत्ती आदि से पूजा करना
अपराध – किसी सामाजिक नियम का उल्लंघन करना
अभिनेत्री – रंगमंच पर किरदार निभाने वाली स्त्री
अधिक – आवश्यकता से ज्यादा होना
अध्यक्ष – किसी संगठन, समिति के स्थायी प्रधान को अध्यक्ष कहते  हैं
आयु – सम्पूर्ण जीवन की अवधि
आत्मा – जिसका नाश ना हो
आदि – एक और दो उदाहरण के बाद आदि का प्रयोग किया जाता है
आज्ञा – किसी आदरणीय व्यक्ति द्वारा दिया गया आदेश या उपदेश
आदरणीय – अपनों से बड़े व्यक्तियों के लिए सम्मान व्यक्त करना
आशंका – किसी प्रकार के खतरे की घंटी का बजना
आधि – मानसिक प्रताड़ना
आगामी – आने वाला समय
आमंत्रण – किसी कार्यक्रम में बुलाए जाने का संदेश
आराधना – भगवान के आगे दया याचना करना

इ और ई वाले शब्द

ईर्ष्या – दूसरों की खुशी से जलना
इच्छा – किसी वस्तु की चाह रखना
इत्यादि – दो या दो से अधिक उदाहरणों के बाद इत्यादि का प्रयोग होना

उ और ऊ वाले शब्द

उदाहरण – किसी बात को साबित करने के लिए दिया गया प्रमाण
उद्योग – ऐसा स्थान जहां सब लोग मिलकर किसी वस्तु का निर्माण करते हो
उत्साह – काम के प्रति रुचि का बढ़ना
उपाय – किसी समस्या का समाधान मिलना
उल्लास – जिस चीज़ की तमन्ना करो और वह आपको आनंदमय तरीके से प्राप्त हो जाए
उपासना – किसी उद्देश्य की पूर्ति के लिए साधना करना
उपकरण – जिसके माध्यम से किसी कार्य को निष्पादित किया जाए
उपादान – निर्माण की सामग्री

क ख और ग वाले शब्द

कन्या – अविवाहित स्त्री
कृपा – दूसरे के कष्ट को हरने का प्रयास
कष्ट – किसी प्रकार की मानसिक और शारीरिक परेशानी का अनुभव
कलंक – बुरी संगति के चलते चरित्र पर संदेह करना
काफी – जरूरत से अधिक होना
कंगाल – जिसे रोटी की जुगाड़ करने के लिए भीख मांगनी पड़े
कर्मठ – किसी कार्य में लगातार प्रयत्नशील रहने वाला
क्रांति – शासन को पलटने के लिए किया गया संघर्ष
खेद – अपनी ग़लती पर पछतावा करना
खटपट – दो पक्षों के बीच तनाव जारी होना
ग्रंथ – हिन्दू धर्म में मौजूद पवित्र किताबें
ग्लानि – अपनी ग़लती का अफसोस करना
ग्रह – सूर्य के प्रकाश से प्रकाशित आकाशीय पिंड

प और भ वाले शब्द

पाप – धार्मिक नियमों के विरोध में किया गया कार्य
परमाणु – तत्व की सबसे छोटी इकाई का होना
पर्याप्त – जितनी जरूरत हो
पूजा – आंतरिक और बाह्य दोनों प्रकार से ईश्वर का भजन करना
प्रदान – जब बड़े अपने से छोटों को कुछ देते हैं
प्रेम – दूसरे के प्रति आकर्षण होना
प्रारंभ – किसी चीज़ की शुरुआत होना
प्रोत्साहन – किसी को बढ़ावा देना
प्रणाम – अपनों से बड़ों के प्रति नम्रता व्यक्त करना
प्रलाप – बिना मतलब के रोना
परामर्श – किसी व्यक्ति से किसी विषय पर राय लेना
प्रणाम – जब अपने से बड़ों का आदर किया जाता है
पुस्तक – किसी विषय से जुड़ी जानकारियां पढ़ने के लिए जब वह छपी मुद्रा में हो
पत्नी – किसी व्यक्ति की विवाहिता
पुरस्कार – किसी अच्छे कार्य के लिए इनाम मिलना
भूल – किसी इंसान द्वारा अनजाने में हुई कोई ग़लती
भक्ति – देवताओं के प्रति आदर प्रकट करना
भिन्न – अलग प्रकार का होना
भ्रम – जो वास्तव में नहीं है उसे मान लेना

स वाले शब्द

स्पर्धा – एक दूसरे से आगे निकलने की सोच
सभ्यता – किसी जगह पर भौतिक विकास होना
शोक – स्वजनों से बिछड़ने का ग़म
शस्त्र – हाथ से पकड़कर चलाए जाने वाले हथियार
स्वागत – किसी के आने पर खुशी जाहिर करना
सभापति – अस्थायी सभा के प्रधान को सभापति कहते हैं
स्वतंत्रता – इसका तात्पर्य आज़ादी से लगाया गया है
स्नेह – दूसरों के प्रति प्रेम भाव रखना
संदेह – किसी बात को लेकर मन में शंका होना
सखा – जिनके बीच में मित्रता का भाव हो

द वाले शब्द

दुर्गम – जहां जाना बहुत कठिन है
द्वेष – बिना किसी कारण और वजह के शत्रुता पालना
दीन – गरीबी के कारण जो दया का पात्र हो गया हो
दोष – जिसमें किसी प्रकार की कमी हो
दर्शन करना – ईश्वर की मूर्ति के आगे नतमस्तक होना
दुख – मन में पीड़ा का भाव आना
दृष्टांत – किसी बात की पुष्टि के लिए दिया गया कथन
दक्ष – किसी कार्य में निपुण होना
दर्प – घमंड करना
दुमूल्य – हैसियत से अधिक कीमत होना

न वाले शब्द

निर्बला – कमजोर स्त्री
नायिका – नाटक की मुख्य नारी भूमिका
नमस्ते – अपने से बराबर वालों का अभिवादन करना
निर्णय – महत्वपूर्ण फैसला
निबंध – गद्य रचना जिसमें लेखक ने वैचारिक भाषा शैली का प्रयोग किया हो
निपुण – अपने विषय का सम्पूर्ण ज्ञान होना
निधन – मृत्यु को प्राप्त होना
निमंत्रण – विशेष बुलावा
निष्फल – किसी प्रकार के कार्य को करने के बाद उसका परिणाम ना मिलना
नक्षत्र – स्वयं के प्रकाश से प्रकाशित आकाशीय पिंड

ब और व वाले शब्द

बहुमूल्य – बहुत अधिक मूल्यवान वस्तु
व्यवहार – दूसरे व्यक्तियों द्वारा किया गया आचरण
व्याधि – शारीरिक कष्ट
विपरीत – उल्टा व्यवहार करना
बड़ा – आकार में बड़ा होना
बहुत – परिमाण का बोध होना या अधिक मात्रा में होना
बधाई – खुशी के मौके पर शुभकामनाएं देना
बुद्धि – शरीर में मौजूद वह भाग जो कर्तव्य का बोध कराता है
बंधु – अधिक प्रिय संबंधी
बचपन – बाल्यकाल का समय

म, त, भ, च वाले शब्द

तंद्रा – गहरी नींद का ना होना
चारु – सुंदर और पवित्र वस्तु का होना
भाई – छोटे बड़े दोनों के लिए
यथेष्ट – जितना आवश्यक हो
त्रुटि – कमी होना
लेख – जिसमें विषय को प्रधानता से लिखा गया हो
घमंड – दूसरों को नीचा दिखाना
ज्ञान – इन्द्रियों द्वारा प्राप्त जानकारी
यातना – आघात में उत्पन्न शारीरिक कष्ट
महाशय – संबोधन के दौरान उपयोग में लाया जाने वाला शब्द।

इस प्रकार, एक समान दिखने वाले लेकिन अलग अर्थ रखने वाले एकार्थक शब्द कई प्रकार के होते हैं।


अंशिका जौहरी

मेरा नाम अंशिका जौहरी है और मैंने पत्रकारिता में स्नातकोत्तर किया है। मुझे सामाजिक चेतना से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से लिखना और बोलना पसंद है।

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